Uncategorizedबिज़नस
आधारशिला स्कूल पालमपुर एक परिचय

आधारशिला सीनियर सेकेंडरी स्कूल पालमपुर क्षेत्र का एक नामी ग्रामी तथा प्रतिष्ठित स्कूल है। lush green एनवायरमेंट तथा टी गार्डन के बीचोबीच स्थित तथा स्कूल के सामने बर्फ से आच्छादित धौलाधार की पर्वत श्रृंखलाओं के दृश्य के बीच यह स्कूल अनायास ही बच्चों तथा उनके अभिभावकों का मन मोह लेता है क्योंकि यहां का शांतिमय माहौल तथा शुद्ध व प्रदूषण रहित वातावरण विद्यार्थियों के लिए एक अनमोल स्थान है जो प्राचीन शांतिनिकेतन जैसे संस्थानों की याद दिलाता है।
इस स्कूल में बच्चों को शैक्षणिक रूप से सक्षम बनाने के अलावा उन्हें अन्य सामाजिक आर्थिक वैज्ञानिक तथा देश व अपने माता पिता के प्रति अपने कर्तव्यों के न निर्वाहन के प्रति जागृत किया जाता है ।आधारशीला स्कूल में ना केवल शैक्षणिक शिक्षा पर बल दिया जाता है बल्कि समाज वह देश के प्रति भावी पीढ़ी क्या कर्तव्य हैं इसके बारे में भी जागरूक किया जाता है तथा विषयों पर भी विद्यार्थियों को विशेष रुप से शिक्षा दी जाती है। स्कूल में लैब प्लेग्राउंड लाइब्रेरी बेस्ट क्लास रूम्स तथा एक्सीलेंट स्टाफ तथा मैनेजिंग कमेटी है स्कूलों में सभी सरकारी नियमों का पालन सख्ती से किया जाता है स्कूल में ट्रांसपोर्ट फैसिलिटी अन्य स्कूलों से अच्छी है तथा विद्यार्थियों के हर सुविधा का शत प्रतिशत ध्यान रखा जाता है।
हालांकि आज के युग में शिक्षा का महत्व केवल मात्र अच्छे अंक प्राप्त करना तथा उसके पश्चात अच्छे कॉलेज में दाखिला पाकर अच्छी सी नौकरी करना एक मात्र उद्देश्य रह गया है, परंतु इस उद्देश्य की प्राप्ति के साथ साथ विद्यार्थियों के कुछ अन्य भी उद्देश्य होने चाहिए, जिसमें देश भक्ति ,समाज के प्रति अपने कर्तव्य के साथ-साथ माता पिता और परिवार के प्रति अपने कर्तव्यों को अपने कैरियर के साथ-साथ कैसे निभाए इस विषय पर भी काफी ध्यान दिया जाता है ,ताकि स्कूल से निकला हुआ विद्यार्थी केवल स्वयं में एक सफल इंसान ना हो परंतु वह देश व समाज के लिए भी उपयोगी हो।
क्योंकि स्वयं में सफल होना एक अलग बात है जबकि समाज तथा देश के प्रति संवेदनशील और कर्तव्य परायण होना एक अलग बात है।
स्कूल के डायरेक्टर राकेश खेर एक बहुत ही संवेदनशील तथा देश के प्रति समर्पित व्यक्ति हैं। देश भक्ति उनमें कूट-कूट कर भरी हुई है, तथा अपने स्कूल के बच्चों को भी वह अपने देश के प्रति सजग और समर्पित रहने की शिक्षा देते हैं ।स्कूल की प्रिंसिपल श्रीमती संजय बजाज खेर भी बच्चों को पाठ्यक्रम की शिक्षा के साथ-साथ नैतिक शिक्षा पर भी उतना ही बल देती हैं जितना उनका एकेडमिक एक्सीलेंस पर होना चाहिए।

उल्लेखनीय बात है कि यह दोनों पति पत्नी, समाज तथा देश के प्रति इतने संवेदनशील हैं कि कोविड काल में जहां आधे से अधिक प्राइवेट स्कूलों के स्टाफ को सैलरी नहीं दी गई वहां पर इन दोनों ने ,अपने स्टाफ को पूरी सैलरी दी तथा काफी बच्चों की फीस माफ की ,जिसके लिए इन्हें काफी मुश्किलों का सामना भी करना पड़ा, लेकिन ये दोनों अपने सिद्धांतों पर डटे रहे तथा समाज के प्रति इन्होंने अपनी संवेदनशीलता व कर्तव्य को कम नहीं होने दिया।

MRs Sanjay Bazaz Kher Principal