*डॉ वाईएस परमार यूनिवर्सिटी आफ हॉर्टिकल्चर एंड फॉरेस्ट्री सोलन ने गन्ने के रस को 6 महीने तक ताजा रखने की टेक्निक की विकसित*

Horticulture University द्वारा विकसित तकनीक से 6 माह तक ताजा रहेगा गन्ने का रस, नौणी विश्वविद्यालय के विज्ञानियों ने विकसित की विधि
अक्सर गन्ने के रस का मजा लेने के लिए हमें गन्ने की फसलों का इंतजार करना पड़ता था परंतु अब गन्ने का रस पीने के लिए अब किसी खास मौसम का इंतजार नहीं करना पड़ेगा और न ही किसी रेहड़ी में ठंडा ताजा रस पीने के लिए जाना पड़ेगा। सोलन स्थित डा. वाइएस परमार औद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी के विज्ञानियों ने ऐसी तकनीक विकसित की है, जिससे छह माह तक गन्ने के रस को सुरक्षित रखा जा सकेगा। इस विधि के विकसित होने से जहां किसानों को लाभ होगा वहीं पर लोगों को भी खासकर मरीजों को हर मौसम में हर समय ताजा गन्ने का रस मिल पाएगा जिसका श्रेय बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौनी सोलन के विज्ञानियों को जाता है।
याद रहे की बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नोनी द्वारा विकसित फसलों की कई नई किस्मों से किसानों और बागवानों को बहुत लाभ मिल रहा है और विश्वविद्यालय द्वारा निरंतर प्रयास किया जा रहा है कि किसानों बागवानों की आय को और अधिक बढ़ाया जा सके उन्हें नई तकनीक से अवगत कराया जा सके।