Tricity times morning news bulletin 03 February 2023
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ट्राई सिटी टाइम्स प्रातः कालीन समाचार
आज 03 फरवरी, 2023 शुक्रवार माघ माह के शुक्ल पक्ष त्रयोदशी तिथि है |माघ शुक्ल पक्ष त्रयोदशी, राक्षस संवत्सर विक्रम संवत 2079, शक संवत शुभकृत् 1944, माघ
संकलन : नवल किशोर शर्मा
हिमाचल प्रदेश समाचार
1)सुखविंदर सुखू सरकार के छह मुख्य संसदीय सचिवों की नियुक्तियों पर संकट
भाजपा सरकार के पूर्व उप महाधिवक्ता नरेंद्र ठाकुर ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में cps की नियुक्तियों को हाईकोर्ट ने वर्ष 2005 में असांविधानिक बताते हुए रद्द कर दिया था।
हिमाचल सरकार के छह मुख्य संसदीय सचिवों (सीपीएस) की नियुक्तियों पर संकट आ गया है। इनकी नियुक्तियों को लेकर भाजपा हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के समक्ष याचिका दायर करने की तैयारी कर रही है। दरअसल, सुप्रीम कोर्ट ने असम और मणिपुर संसदीय सचिव अधिनियम को असांविधानिक करार दिया है। सुप्रीम कोर्ट के इसी फैसले को आधार बनाकर भाजपा हाईकोर्ट में कानूनी जंग लड़ेगी।
2) बदल देंगे गाड़ियां : मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू बोले- एक वर्ष में सभी सरकारी गाड़ियां इलेक्ट्रिक वाहनों में बदलने का लक्ष्य रखा गया है !
3) वाह वाह मुख्यमंत्री जी…
जब किस्सा सुन रहे हैं तो सब यही बात कह रहे हैं !
कुल्लू। जिला बाल संरक्षण अधिकारी के कार्यालय में बतौर आउटसोर्स पर तैनात एक लड़की नीलम नेगी अपनी फरियाद लेकर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के पास पहुंची।सीएम ने लड़की की समस्या को गंभीरतापूर्वक सुना। लड़की के पास रहने के लिए घर नहीं है। वह बाल विकास विभाग के साथ लगते सरकारी आवास के एक कमरे में रह रही है।
मुख्यमंत्री जी ने उसी समय जिलाधीश कुल्लू को शिमला तलब कर लिया और उनसे पूछा गया कि यह लड़की क्या आपके पास फ़रियाद लेकर आई थी.?
जब जवाब हाँ मिला तो मुख्यमन्त्री ने उन्हें त्वरित आदेश देते हुए कहा कि इस लड़की के लिए भूमि का पट्टा आबंटित किया जाए और उसके बाद इसके लिए मकान बनाने की व्यवस्था भी करनी है.! हर सुनने वाला मुख्यमंत्री जी की कार्यशैली की भूरि भूरि प्रशंसा कर रहा है !
1) VRS लेने वालों को सुप्रीम कोर्ट ने दिया बड़ा झटका, कहा- समान अधिकारों का दावा नहीं कर सकते
2) बीबीसी डॉक्यूमेंट्री पर ‘बैन’ के खिलाफ आज सुनवाई करेगा सुप्रीम कोर्ट,
3) बजट की खूबियों को जनता तक पहुंचाने के लिए भाजपा देश भर में उतारेगी केंद्रीय मंत्रियों की फौज
4) अडानी पर हिंडनबर्ग रिपोर्ट को लेकर कांग्रेस ने 6 फरवरी को विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया
5) देश में समान नागरिक संहिता लागू करने पर अभी कोई फैसला नहीं- किरेन रिजिजू
6) बजट को लेकर केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले बोले- ‘मोदीजी हैं बहुत मजबूत बंदा, लेकिन विपक्ष हो गया है अंधा’
7) गरीबी हटाओ’ से लेकर ‘कोई भूखा नहीं सोएगा’ : 52 साल में बदले 12 पीएम, इंदिरा से मोदी तक सियासी मोहरा बना गरीब?
8) इंदिरा गांधी से लेकर नरेंद्र मोदी तक 52 साल में 12 प्रधानमंत्री बदल गए, लेकिन गरीब सियासी मोहरा ही बनकर रह गया. आंकड़ों की बाजीगरी में कभी गरीबी कम हो जाती है, तो कभी बढ़ जाती है
9) महाराष्ट्र एमलसी: देवेंद्र फडणवीस और नितिन गडकरी के गढ़ में बीजेपी को तगड़ा झटका, महाविकास आगाडी़ उम्मीदवार की बड़ी जीत
10) भँवरे ने खिलाया फूल, फूल को ले गया हिंडनबर्ग…. अडानी को लेकर कांग्रेस ने साधा निशाना
11) सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा- निवेशकों को सुरक्षा, जमीन, मैनपावर चाहिए…यूपी में सब मिलेगा
12) ईडी का दावा- दिल्ली सरकार ने शराब घोटाले का पैसा गोवा चुनाव में लगाया, CM केजरीवाल बोले- सारे केस फर्जी
क्या है हिंडनबर्ग रिसर्च?
हिंडनबर्ग रिसर्च एक वित्तीय शोध करने वाली कंपनी है, जो इक्विटी, क्रेडिट और डेरिवेटिव मार्केट के आंकड़ों का विश्लेषण करती है। इसकी स्थापना साल 2017 में नाथन एंडरसन ने की है। हिंडनबर्ग रिसर्च हेज फंड का कारोबार भी करती है। इसे कॉरपोरेट जगत की गतिविधियों के बारे में खुलासा करने के लिए जाना जाता है। इस कंपनी का नाम हिंडनबर्ग आपदा पर आधारित है जो 1937 में हुई थी, जब एक जर्मन यात्री हवाई पोत में आग लग गई थी, जिसमें 35 लोग मारे गए थे।
25 जनवरी को हिंडनबर्ग ने अडाणी ग्रुप के संबंध में 32 हजार शब्दों की एक रिपोर्ट जारी की। रिपोर्ट के निष्कर्ष में 88 प्रश्नों को शामिल किया। रिपोर्ट में दावा किया गया कि यह समूह दशकों से शेयरों के हेरफेर और अकाउंट की धोखाधड़ी में शामिल है। रिपोर्ट में कहा गया है कि तीन साल में शेयरों की कीमतें बढ़ने से अदाणी समूह के संस्थापक गौतम अडाणी की संपत्ति एक अरब डॉलर बढ़कर 120 अरब डॉलर हो गई है। इस दौरान समूह की 7 कंपनियों के शेयर औसत 819 फीसदी बढ़े हैं। उधर देशभर में इस रिपोर्ट पर हंगामा चल रहा है तथा लोकसभा और राज्यसभा दोनों ही सदनों का काम बाधित हो रहा है विपक्षी पार्टियां इस पर सिटी बनाने का दबाव डाल रहे हैं और कह रही हैं कि इसकी सही ढंग से जांच की जानी चाहिए ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके और एसबीआई और एलआईसी जैसे संस्थानों की रक्षा हो सके।