*पंजाब_के_मुख्यमंत्री_भगवंत_मान_ने_भ्रष्टाचार_के_खिलाफ_बड़ा_एक्शन_लिया_है_जो_काबिले_तारीफ_है*


26 मई 2022– (#पंजाब_के_मुख्यमंत्री_भगवंत_मान_ने_भ्रष्टाचार_के_खिलाफ_बड़ा_एक्शन_लिया_है_जो_काबिले_तारीफ_है) —
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने ही सहयोगी मंत्री डाक्टर विजय सिंगला को भ्रष्टाचार के आरोपों मे बर्खास्त कर एक अनुकरणीय काम किया है। उनके इस एक्शन की पार्टी लाइन से ऊपर उठकर तारीफ की जानी चाहिए। मेरे विचार मे भगवंत मान का यह ऐतिहासिक व साहसिक फैसला है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार मुख्यमंत्री भगवंत मान को 10 दिन पहले स्वास्थ्य मंत्री विजय सिंगला के खिलाफ अधिकारियों से स्वास्थ्य विभाग के सरकारी टैंडरों मे एक प्रतिशत कमीशन मांगने की शिकायत मिली थी। मुख्यमंत्री जी ने इस शिकायत को गभींरता से लिया तथा अपने स्तर पर जांच शुरू करवाते हुए डॉ सिंगला के खिलाफ स्टिंग आप्रेशन करवाया। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इन आरोपों को सही पाया और स्वास्थ्य मंत्री को उनके पद से बर्खास्त कर दिया। उसके बाद ए.सी.बी ने डाक्टर विजय सिंगला और उनके ओ.एस.डी प्रदीप को करप्शन मामले मे गिरफ्तार कर लिया। यह एक बड़ा एक्शन और बड़ी खबर है। लगता है डाक्टर विजय सिंगला जैसे लोग राजनीति मे सेवा के लिए नहीं अपितु पैसा बनाने के लिए आते है।
पंजाब के चुनाव के परिणाम 10 मार्च को घोषित हुए और उसके लगभग 10 दिन बाद मंत्री परिषद का गठन हुआ था। इस प्रकार अभी वह लगभग दो महीने से मंत्री पद पर असीन हुए है और वह चांदी कुटने मे लग गए। जबकि वह पहली बार विधायक बने और उन्हे मंत्री बनने का अवसर मिल गया। लोगो ने भी उनमे विश्वास प्रकट कर बड़े अन्तर से जीत दिलवाई थी। सोशल नेटवर्किंग मे जो जानकारी मिल रही है वह पहले से ही अमीर व्यक्ति है, लेकिन लालच और पैसे की भूख ने आज उन्हे सलाखों के पीछे भेज दिया है। मैने दो दिन पहले ब्लॉग मे लिखा था कि लालू प्रसाद यादव और ओम प्रकाश चौटाला की दुर्गति से राजनेताओं और अधिकारियों को शिक्षा लेनी चाहिए। खैर यदि मुख्यमंत्री भगवंत मान चाहते तो इस सारे मामले को रफ- दफा कर सकते थे लेकिन उन्होने ऐसा नहीं किया और सबको एक सटीक और साफ सन्देश देने का प्रयास किया है कि वह भ्रष्टाचार सहन नहीं करेंगे भले भ्रष्टाचारी कितने ही ऊचें पद पर असीन क्यों न हो।वैसे भी अनुशासन और ईमानदारी ऊपर से नीचे की ओर लागू होनी चाहिए। भगवंत मान जी का इस एक्शन के लिए हार्दिक अभिनंदन।
#आज_इतना_ही कल फिर नई कड़ी के साथ मिलते है।
महेंद्र नाथ सोफत पूर्व मंत्री हिमाचल प्रदेश सरकार