सिविल अस्पताल पालमपुर के डॉ. दीपायन माली ने उत्कृष्ट संवेदनशील सेवा का उदाहरण पेश किया

सिविल अस्पताल पालमपुर के डॉ. दीपायन माली ने उत्कृष्ट संवेदनशील सेवा का उदाहरण पेश किया

पालमपुर। चिकित्सा केवल एक पेशा नहीं, बल्कि मानवता की सबसे बड़ी सेवा है। सिविल अस्पताल पालमपुर में सर्जन के रूप में कार्यरत डॉ. दीपायन माली ने इसी भावना को साकार करते हुए एक ऐसे मरीज का सफल उपचार किया, जिसे कई वर्षों से गंभीर बीमारी और निराशा ने घेर रखा था।
शनि सेवा सदन के संरक्षण में रह रहे अमरनाथ लंबे समय से पैरों में गंभीर संक्रमण (गैंग्रीन) की समस्या से जूझ रहे थे। उनका कोई परिवार या अपना सहारा नहीं है। शनि सेवा सदन ही उनके भोजन, दवाइयों, देखभाल और उपचार का एकमात्र आधार बना हुआ है। उन्हें बिलासपुर, टांडा मेडिकल कॉलेज तथा अन्य चिकित्सकों को भी दिखाया गया, लेकिन उपचार या तो अत्यधिक खर्चीला बताया गया या फिर केस की जटिलता के कारण कोई ठोस समाधान सामने नहीं आया।
जब अमरनाथ का मामला डॉ. दीपायन माली के समक्ष आया, तो उन्होंने केवल बीमारी नहीं देखी, बल्कि मरीज की सामाजिक और पारिवारिक परिस्थितियों को भी समझा। उन्होंने पूरे समर्पण और धैर्य के साथ कई सप्ताह तक मरीज की निगरानी की, आवश्यक उपचार किया और अंततः आज सफलतापूर्वक स्किन ग्राफ्टिंग कर एक नई उम्मीद जगाई। यह केवल एक सफल ऑपरेशन नहीं, बल्कि संवेदनशील चिकित्सा सेवा का प्रेरणादायक उदाहरण है।
शनि सेवा सदन के प्रमुख परमेंद्र भाटिया ने भी इस मरीज के लिए असाधारण सेवा भावना का परिचय दिया। वे स्वयं नियमित रूप से अस्पताल जाकर मरीज की देखभाल करते रहे, भोजन उपलब्ध कराया, कपड़ों की व्यवस्था की, दवाइयों का प्रबंध किया तथा उपचार के प्रत्येक चरण में साथ खड़े रहे। आर्थिक रूप से कमजोर और बेसहारा अमरनाथ के लिए शनि सेवा सदन एक परिवार की तरह कार्य कर रहा है।
परमेंद्र भाटिया ने बताया कि जब उन्होंने अमरनाथ की पूरी पारिवारिक और आर्थिक स्थिति डॉ. दीपायन माली के सामने रखी, तो डॉक्टर ने आश्वासन दिया कि वे यथासंभव सिविल अस्पताल पालमपुर में ही कम खर्च में बेहतर उपचार देने का प्रयास करेंगे। उनके इस मानवीय दृष्टिकोण ने यह साबित कर दिया कि संवेदनशीलता और सेवा भावना आज भी चिकित्सा जगत की सबसे बड़ी ताकत है।
शनि सेवा सदन के सभी सदस्यों ने डॉ. दीपायन माली के प्रति गहरा आभार व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। संस्था ने ईश्वर से प्रार्थना की है कि वे डॉ. माली को अपने चिकित्सा जीवन में निरंतर सफलता, सम्मान और मानव सेवा के नए आयाम प्रदान करें।
ऐसे चिकित्सक समाज के लिए प्रेरणा हैं, जो केवल रोग का उपचार नहीं करते, बल्कि निराश जीवन में आशा का संचार भी करते हैं। डॉ. दीपायन माली और शनि सेवा सदन द्वारा प्रस्तुत यह सेवा और संवेदनशीलता वास्तव में समाज के लिए एक अनुकरणीय उदाहरण है।



